images (8)

मुक्तक (35 )

images (8)
(१०३)

आपके बन कर रहेंगे देख लेना

आपके मन की कहेंगे देख लेना

प्यार इतना आपसे हमने किया है

दर्द भी हंसकर सहेंगे देख लेना

(104 )
चाँद ये जब चाँदनी को प्यार करता है

पूर्णमासी को मिलन सिंगार करता है

देखकर पावन मुहब्बत झूमते तारे

रूप इनका प्रेम को साकार करता है

 

(105 )

वक़्त ने जब कभी सताया है

हौसला हर कदम बढ़ाया है

लाख दुश्मन बना जमाना ये

साथ बस आपने निभाया है

डॉ अर्चना गुप्ता

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *